कवर्धा। वन विभाग, वनमंडल कवर्धा की टीम ने सोमवार को बोड़ला–चिल्फी–धवईपानी मार्ग पर संचालित होटल एवं ढाबों में औचक जांच अभियान चलाया। जांच के दौरान कई स्थानों पर लकड़ी के अवैध उपयोग के मामले सामने आए, जिन पर तत्काल कार्रवाई करते हुए तीन अलग-अलग वन अपराध प्रकरण दर्ज किए गए।
जांच दल ने सबसे पहले पंजाबी काका ढाबा, ग्राम धवईपानी में छापामार कार्रवाई की, जहां संचालक सरदार जसविंदर सिंह के पास से दो चट्टा जलाऊ लकड़ी बरामद हुई। इस पर पी.ओ.आर. क्रमांक 21614/09 दिनांक 28.10.2025 के तहत मामला दर्ज किया गया।
इसी क्रम में मुकेश ढाबा, ग्राम धवईपानी की संचालिका फूलबाई के यहां से मिश्रित प्रजाति की 28 नग बल्लियाँ पाई गईं, जिस पर पी.ओ.आर. क्रमांक 21614/10 दिनांक 28.10.2025 दर्ज किया गया। वहीं राय ढाबा के संचालक गणेश राय के यहां से एक चट्टा जलाऊ लकड़ी जब्त करते हुए पी.ओ.आर. क्रमांक 21614/11 दिनांक 28.10.2025 अंकित किया गया।
वन विभाग की टीम ने बताया कि अन्य ढाबों में केवल गिरी-पड़ी सूखी या बिक्री-अयोग्य लकड़ियों का ही उपयोग पाया गया। सभी ढाबा संचालकों को सख्त चेतावनी दी गई है कि भविष्य में अवैध लकड़ी के उपयोग की पुनरावृत्ति होने पर कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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अधिकारियों ने कहा कि इस तरह के निरीक्षण अभियान आगे भी नियमित रूप से जारी रहेंगे ताकि वन संपदा की अवैध कटाई और उपयोग पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
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रुपेश चन्द्रवंशी
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